BIKANER WEATHER
Astroराजस्थान

चैत्र नवरात्रि 2024: महत्व, पूजन विधि, कलश स्थापना, भोग और अन्य जानकारी

Pugal News Pugal News

चैत्र नवरात्रि 2024: हिंदू धर्म में चैत्र नवरात्रि के त्योहार को बहुत अधिक महत्व दिया जाता है। वैदिक पंचांग के अनुसार, चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि इस वर्ष 08 अप्रैल को रात 11 बजकर 50 मिनट से शुरू हो जाएगी जो अगले दिन यानी 09 अप्रैल 2024 को रात को 08 बजकर 30 मिनट पर खत्म होगी। ऐसे में उदया तिथि के आधार पर चैत्र नवरात्रि 09 अप्रैल से शुरू हो जाएगी। इस वर्ष चैत्र नवरात्रि के पहले दिन सर्वार्थ सिद्धि और अमृत योग रहेगा। वैदिक ज्योतिष में इन योगों में पूजा बहुत ही शुभ फलदायी होती है। चैत्री बसंत नवरात्रि चैत्र शुक्ल पक्ष 1 मंगलवार तारीख 09.04.2024 ई. दिन में 12:14 से 13:05 तक अभिजित वेला में पूजन एवं घट स्थापना करना श्रेष्ठ रहेगा।

चैत्र नवरात्रि 2024
चैत्र नवरात्रि 2024

इस वर्ष चैत्र नवरात्रि 9 अप्रैल से 17 अप्रैल 2024 तक मनाई जाएगी।

चैत्र नवरात्रि का महत्व:

  • यह त्योहार बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक है।
  • यह माता दुर्गा की शक्ति और भक्ति का त्योहार है।
  • यह नौ दिनों का उपवास और पूजा का त्योहार है।
  • यह त्योहार लोगों को आध्यात्मिकता और ज्ञान की ओर प्रेरित करता है।

चैत्र नवरात्रि 2024 पूजन विधि:

  • कलश स्थापना: नवरात्रि के पहले दिन कलश स्थापना की जाती है। कलश को मिट्टी के पात्र में जौ बोकर स्थापित किया जाता है।
  • माता दुर्गा की पूजा: नौ दिनों तक माता दुर्गा की पूजा की जाती है। प्रतिदिन माता के अलग-अलग रूपों की पूजा की जाती है।
  • भोग: माता दुर्गा को विभिन्न प्रकार के भोग लगाए जाते हैं। फल, मिठाई, दूध, दही, आदि माता को भोग लगाए जाते हैं।
  • आरती: आरती माता दुर्गा की भक्ति और स्तुति का प्रतीक है। आरती प्रतिदिन सुबह और शाम को की जाती है।
  • कन्या पूजन: नवरात्रि के नौवें दिन कन्या पूजन किया जाता है। नौ कन्याओं को माता दुर्गा का रूप मानकर उनका पूजन किया जाता है।

चैत्र नवरात्रि 2024 कलश स्थापना:

  • शुभ मुहूर्त: 9 अप्रैल 2024, मंगलवार, सुबह 12:14 से 13:05 तक
  • सामग्री:
    • मिट्टी का पात्र
    • जौ
    • कलश
    • जल
    • गंगाजल
    • पंचरत्न
    • आम या अशोक के पत्ते
    • नारियल
    • लाल कपड़ा
    • दीपक
    • धूप
    • फल
    • मिठाई

चैत्र नवरात्रि 2024 विधि:

    • मिट्टी के पात्र में जौ बोएं।
    • कलश को जल और गंगाजल से भरें।
    • पंचरत्न, आम या अशोक के पत्ते, और नारियल कलश में रखें।
    • नारियल को लाल कपड़े से लपेटें।
    • कलश को जौ के पात्र में रखें।
    • दीपक और धूप जलाएं।
    • फल और मिठाई माता को भोग लगाएं।
    • कलश की आरती करें।

चैत्र नवरात्रि 2024 भोग:

  • पहला दिन: देसी घी
  • दूसरा दिन: शक्कर, सफेद मिठाई, मिश्री और फल
  • तीसरा दिन: मिठाई और खीर
  • चौथा दिन: मालपुआ
  • पांचवां दिन: केला
  • छठा दिन: शहद
  • सातवां दिन: गुड़
  • आठवां दिन: नारियल
  • नौवां दिन: अनार और तिल

अन्य जानकारी:

  • नवरात्रि के दौरान कई लोग उपवास रखते हैं।
  • कई लोग नवरात्रि के दौरान घरों में अखंड ज्योति जलाते हैं।
  • नवरात्रि के दौरान कई लोग विभिन्न प्रकार के सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित करते हैं।

यह जानकारी आपको चैत्र नवरात्रि 2024 को मनाने में मददगार होगी।

नवरात्रि की हार्दिक शुभकामनाएं!

Advertisements
WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
YouTube Channel Subscribe Now

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button